हरकी पौड़ी की दीवार गिरने की तकनीकी जांच कराए जाए-अम्बरीष कुमार

हरिद्वार। वरिष्ठ कांग्रेस नेता पूर्व विधायक अम्बरीष कुमार ने कहा कि तेज बारिश के कारण हर की पौड़ी की दीवार क्षतिग्रस्त होना बहुत ही दुखद घटना है। कुछ लोगों से जानकारी प्राप्त हुई है कि यह घटना आकाशीय बिजली गिरने के कारण हुई है। हर की पौड़ी पर उचित अर्थिंग की व्यवस्था नहीं है। यह भी मान लिया जाए लेकिन सोच का विषय यह है कि हरिद्वार में जो भूमिगत लाइन बिछाई जा रही है क्या उसके तकनीकी मानक सही है। क्या यह लाइन निर्धारित गहराई पर डाली जा रही है। क्या इसकी देखरेख तकनीकी अधिकारियों द्वारा की जा रही है। हर की पौड़ी पर दीवार के सहारे हुई खुदाई में काम न होने पर अथवा पूरा होने पर उसे बंद क्यों नहीं किया गया। कुंभ समीप है अक्टूबर में शाही हरिद्वार में आने लगेगी। ऐसी स्थिति में सवाल यह है कि क्या अक्टूबर से पूर्व पुनर्निर्माण, मरम्मत का काम पूरा कर हर की पौड़ी का स्वरूप बहाल कर दिया जाएगा। अभी तक भी कुंभ के कार्य पूरे नहीं हुए क्या अक्टूबर नवंबर से पूर्व हम लक्ष्य प्राप्त कर लेंगे। यह घोर लापरवाही और अनदेखी है। एक तकनीकी समिति का गठन कर जो एक मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता में हो। इस घटना की जांच हो और 15 दिन के अंदर वह समिति रिपोर्ट दे। गौरतलब है कि पूर्व विधायक अम्बरीष कुमार ने कोरोना संक्रमण काल पर यह भी कहा कि सत्ता की हनक और वीआईपी होने का प्रभाव पुलिस पर कैसा होता है यह कल कनखल में देखने को मिला कल दक्षेश्वर मंदिर के द्वार सभी श्रद्धालुओं के लिए बंद थे सभी भक्तजन बंद गेट पर ही नमन कर वापस लौट रहे थे। परंतु एक काफिला आता है जिसमें पूर्व मंत्री वर्तमान भाजपा प्रदेश अध्यक्ष श्री बंशीधर भगत और प्रदेश सरकार के मंत्री श्री मदन कौशिक दर्जनों भाजपाइयों के साथ थे। पुलिस उन्हें देखकर द्वार खोल देती है। और आम नागरिकों के लिए बंद दर्शन उन्हें सहज हो जाते हैं यह था नमूना श्रद्धालुओं के ऊपर वीआईपी संस्कृति हावी होने। एसएसपी कह रहे हैं कि जांच कर कार्यवाही होगी पर क्या यह संभव है? बंशीधर भगत जी की लोग प्रशंसा करते यदि वह पाबंदी का पालन करते यह सत्ता का अहम इन्हें 2022 में कहां लेकर जाएगा यह इसकी कल्पना भी नहीं कर सकते।