मोबाइल लूट की घटनाओं को अंजाम देने वाले दो सगे भाइयों सहित चार आरोपित पुलिस के हत्थे मोबाईल स्नेचर दबोचे, 22 मोबाईल बरामद

हरिद्वार। रानीपुर और सिडकुल क्षेत्र में मोबाइल लूट की घटनाओं को अंजाम देने वाले झबरेड़ा के दो सगे भाइयों सहित चार आरोपित पुलिस के हत्थे चढ़ गए। उनसे कुल 22 मोबाइल बरामद हुए हैं। इनमें चार मोबाइल रानीपुर और सिडकुल क्षेत्र से लूटे गए हैं। एसएसपी ने सोमवार को रानीपुर कोतवाली में पत्रकार वार्ता कर चारों घटनाओं का पर्दाफाश किया। बाकी 18 मोबाइलों के मालिकों का पता लगाया जा रहा है। भेल रानीपुर, शिवालिकनगर और सिडकुल क्षेत्र में पिछले कुछ महीनों से मोबाइल झपटने की घटनाएं लगातार सामने आ रही थी। एक सप्ताह पहले शिवालिक नगर में रात के समय अपने घर के बाहर टहल रहे कांग्रेस नेता प्रमोद खारी के हाथ से बाइक सवार दो लुटेरे मोबाइल छीनकर भाग निकले थे। इसके तुरंत बाद उन्होंने एक और राहगीर से फोन लूटा। एक सप्ताह के भीतर ही ऐसी चार घटनाएं हुई। एसएसपी के निर्देश पर रानीपुर कोतवाल योगेश देव के नेतृत्व में एक पुलिस टीम मोबाइल झपटमारों की खोजबीन में लगी थी।  टीम ने सोमवार को मुखबिर की सूचना पर दो बाइक व एक स्कूटी पर सवार कुल चार युवकों को गिरफ्तार कर उनकी निशानदेही पर 22 मोबाइल बरामद किए। पूछताछ में आरोपितों ने अपने नाम पंकज व अमित कुमार निवासी भक्तोंवाली माजरा, झबरेड़ा, विवेक निवासी पूरणपुर रानीपुर, अंकुर निवासी ग्राम मुजाहिदपुर बुग्गावाला हरिद्वार बताए। पत्रकार वार्ता के दौरान एसएसपी सेंथिल अवूदई कृष्णराज एस ने बताया कि पंकज व अमित सगे भाई हैं। बरामद हुए 22 मोबाइल में चार मोबाइल फोन रानीपुर व सिडकुल क्षेत्र से लूटे गए हैं। बाकी 18 मोबाइलों के मालिकों का पता लगाने के लिए उनके आइएमईआइ नंबरों की जांच की जा रही है। इस दौरान एसपी सिटी कमलेश उपाध्याय, सीओ सदर विजेंद्र डोभाल भी मौजूद रहे। राहगीरों से मोबाइल झपटने वाला गैंग पुलिस के लिए सिरदर्द बना हुआ था। एसएसपी ने टीम को ढाई हजार रुपये का इनाम दिया है। टीम में कोतवाल योगेश देव, एसएसआई विक्रम धामी, गैस प्लांट चैकी प्रभारी सत्येंद्र नेगी, उपनिरीक्षक विकास रावत, कांस्टेबल पंकज शर्मा, गोपीचंद, ताजवर और रवि चैहान शामिल रहे।