Skip to main content

राजपा की ओर से रोजगार गांरटी रथ को राष्ट्रीय अध्यक्ष ने किया रवाना

 


हरिद्वार। राष्ट्रवादी जनलोक पार्टी ने बुधवार को रोजगार गारंटी रथ रवाना किया। पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष सत्यवती राणा, प्रदेश प्रभारी रोहित गोपाल भैय्या और सहप्रभारी मुन्नी देवी ने झण्डी दिखाकर रथ को रवाना किया। रोजगार गारंटी रथ एक सप्ताह तक जनपद का भ्रमण करने के पश्चात ऋषिकेश होते हुए देहरादून पहुंचेगा। रथ भ्रमण के दौरान पार्टी की और से युवाओं को रोजगार गारंटी कार्ड वितरित किए जाएंगे। शंकर आश्रम के समीप रथ को रवाना करने के दौरान पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष सत्यवती राणा ने कहा कि युवाओं को रोजगार दिलाना पार्टी की प्राथमिकता है। विधानसभा चुनाव में बेरोजगारी ही पार्टी का प्रमुख मुद्दा होगा। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार प्रतिवर्ष दो करोड़ रोजगार देने का वादा पूरा नहीं कर पायी है। महंगाई व बेरोजगारी देश की एक बड़ी समस्या बन गए हैं। बेरोजगारी के मामले में उत्तराखण्ड जैसा छोटा प्रदेश देश मे ंपहले पायदान पर है। राज्य के युवाओं को रोजगार देने व पलायन रोकने के लिए सरकार के पास कोई नीति नहीं है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रवादी जनलोक पार्टी की सरकार बनने पर युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा। नौकरी मिलने तक इंटरमीडिएट पास युवाओं को पांच हजार, स्नातक को दस हजार तथा पोस्ट गे्रज्युएट को पन्द्रह हजार बेरोजगारी भत्ता दिया जाएगा। प्रदेश प्रभारी रोहित गोपाल भैय्या व दिवंगत पूर्व सांसद फूलनदेवी की बहन व पार्टी की सहप्रभारी मुन्नी देवी ने कहा कि महंगाई, बेरोजगारी व पलायन रोकने में प्रदेश सरकार पूरी तरह नाकाम रही है। राष्ट्रवादी जनलोक पार्टी की सरकार बनने पर सरकारी विभागों में रिक्त पदों को भरने के साथ प्रदेश में लगे उद्योगों में 70 प्रतिशत नौकरियां स्थानीय युवाओं के लिए सुनिश्चत की जाएंगी। युवा प्रकोष्ठ के जिला अध्यक्ष रामनिवास सिंह राणा ने कहा कि भाजपा सरकार की नीतियों से समाज का प्रत्येक वर्ग परेशान है। कोविड नियंत्रण में सरकार की विफलता के चलते पर्यटन पर आधारित प्रदेश के व्यापार को भारी नुकसान हुआ है। इस अवसर पर अजय वर्मा, विधि प्रकोष्ठ के जिला अध्यक्ष कुलदीप ठाकुर, जिला उपाध्यक्ष जय शर्मा, मयंक शर्मा, राहुल राणा, सागर राणा, निर्मल राणा, धोनी पसरीचा, एंथनी मसीह, जोनी रामदेव, अनुज राणा, आशीष अग्रवाल, ईश्वर सिंह चैहान, रवि सोलंकी, राहुल चैहान आदि सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे। 


Comments

Popular posts from this blog

गौ गंगा कृपा कल्याण महोत्सव का आयोजन किया

  हरिद्वार। कुंभ में पहली बार गौ सेवा संस्थान श्री गोधाम महातीर्थ पथमेड़ा राजस्थान की ओर से गौ महिमा को भारतीय जनमानस में स्थापित करने के लिए वेद लक्ष्णा गो गंगा कृपा कल्याण महोत्सव का आयोजन किया गया है।  महोत्सव का शुभारंभ उत्तराखंड गौ सेवा आयोग उपाध्यक्ष राजेंद्र अंथवाल, गो ऋषि दत्त शरणानंद, गोवत्स राधा कृष्ण, महंत रविंद्रानंद सरस्वती, ब्रह्म स्वरूप ब्रह्मचारी ने किया। महोत्सव के संबध में महंत रविंद्रानंद सरस्वती ने बताया कि इस महोत्सव का उद्देश्य गौ महिमा को भारतीय जनमानस में पुनः स्थापित करना है। गौ माता की रचना सृष्टि की रचना के साथ ही हुई थी, गोमूत्र एंटीबायोटिक होता है जो शरीर में प्रवेश करने वाले सभी प्रकार के हानिकारक विषाणुओ को समाप्त करता है, गो पंचगव्य का प्रयोग करने से शरीर की रोगप्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है, शरीर मजबूत होता है रोगों से लड़ने की क्षमता कई गुना बढ़ाता है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में वैश्विक महामारी ने सभी को आतंकित किया है। परंतु जिन लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत है। कोरोना उनका कुछ नहीं बिगाड़ पाता है। उन्होंने गो पंचगव्य की विशेषताएं बताते हुए कहा कि वर्तमा

माता पिता की स्मृति में समाजसेवी राकेश विज ने किया अन्न क्षेत्र का शुभारंभ

हरिद्वार। समाजसेवी और हिमाचल प्रदेश प्रदेश के पालमपुर रोटरी क्लब के अध्यक्ष राकेश विज ने बताया कि महाकुंभ के अवसर पर श्रद्धालुओं की सुविधार्थ संत बाहुल्य क्षेत्र सप्त ऋषि आश्रम में अन्न क्षेत्र का शुभारंभ नगर पालिका के पूर्व अध्यक्ष सतपाल ब्रह्मचारी के कर कमलों के द्वारा किया गया है। यह अन्न क्षेत्र पूरे कुंभ तक अनवरत रूप से चलेगा। उन्होंने बताया कि मानवता सबसे बड़ी पूजा है मानव धर्म ही हमें जोड़ता है। अन्नदान की परंपरा हमारी वैदिक परंपरा है। अन्न क्षेत्र का आयोजन उन्होंने अपनी माता त्रिशला रानी और पिता लाला बनारसी दास की स्मृति में कराया है। उन्होंने बताया कि गुरूद्वारा गुरू सिंह सभा में भी 7 मार्च से रोजाना लंगर का आयोजन किया जा रहा है। 14 मार्च से इच्छाधारी नाग मंदिर बीएचएल हरिद्वार में भी अन्न क्षेत्र शुरू किया जाएगा। इसके अलावा कनखल स्थित सती घाट के समीप निर्माणाधीन गुरु अमरदास गुरुद्वारे और एसएमएसडी इंटर कॉलेज में पंडित अमर नाथ की स्मृति में बनने वाले पुस्तकालय में भी सहयोग प्रदान करेंगे। उन्होंने कहा कि महापुरुषों के रास्ते पर चलकर ही हम देश को समृद्ध कर सकते है। इस अवसर पर सतपाल

आंदोलनकारियों की शहादत का परिणाम है उत्तराखंड राज्य--डॉ० अंजान

  हरिद्वार। 2 अक्टूबर का दिन पूरे देश में अहिंसा और शांति दिवस के रूप में मनाया जाता है। और उत्तराखंड तो स्वयं शांति, समन्वय, समरसता एवं अहिंसा का द्योतक ही रहा है। उत्तराखंड राज्य के इतिहास के बारे में डॉक्टर हरिनारायण जोशी ने बताया कि आज के ही दिन 2 अक्टूबर 1994 में शांति और अहिंसा का अर्थ ही बदल गया। क्रुरता, हिंसा और अमानवीयता की सारी सीमाएं पार हो गईं। शांति के साथ राज्य प्राप्ति की मांग मनवाने के लिए उत्तराखंड के विभिन्न भागों से अपनी राजधानी दिल्ली जाते हुए निहत्थे आंदोलनकारी थे बस यही कसूर था उनका कि उत्तराखंड राज्य की मांग।और यूपी सरकार की ऐसी व्यवस्था थी कि जिसने सुरक्षा देनी थी, महिलाओं को ही नहीं, पुरुषों को भी वही भक्षक के रूप में क्रुरतम हिंसा और अमानवियता की पराकाष्ठाओं को हिंसात्मक रूप देने में सम्मिलित हो गये। उस समय सरकार की मानवीयता छलनी हो गई। रामपुर तिराहे के लहराते खेत और वहां की संपूर्ण प्रकृति असहाय महिला और पुरुषों की कराहों के साथ चित्कार कर उठी होगी। लेकिन तथाकथित रक्षकों पर प्रभाव नहीं पड़ा। उनकी संवेदनाएं और मानवतायें भस्म हो गई और वे दैत्य स्वरूप के संवाहक