Skip to main content

हरियाणा पुलिस के काॅस्टेबल का हत्यारोपी गिरफ्रतार,हरियाणा पुलिस की टीम के सिपाही की हुई गिरफ्रतारी के दौरान हत्या

 हरिद्वार पुलिस को हरियाणा पुलिस ने नहीं दी थी कारवाई की कोई सूचना

हरिद्वार। नगर कोतवाली क्षेत्रान्गर्त चैकी रोड़ीवेलवाला से कुछ ही दूरी पर हरकी पैड़ी से सटी पंडित दीनदयाल उपाध्याय पार्किंग में हुए शूटआउट में फरीदाबाद क्राइम ब्रांच (हरियाणा) के कांस्टेबल संदीप नरवाल की गोली मारकर हत्या कर फरार हुए डकैती के आरोपी अंशु उर्फ मोनू को हरिद्वार एवं हरियाणा की संयुक्त पुलिस टीम ने चंद घंटों बाद रोड़ीबेलवाला मैदान से धर दबोचा। एक हाथ में हरियाणा पुलिस की गोली लगने से घायल आरोपी अंशु को उपचार के लिए एम्स ऋषिकेश में भर्ती कराया गया है। दोनों राज्यों की पुलिस टीम के हत्थे चढ़े आरोपियों के कब्जे से लूट की रकम, पांच जिंदा कारतूस और अन्य सामान बरामद हुआ है जबकि फरार पांचवे बदमाश का कुछ अता पता नहीं चल सका है। शुक्रवार को नगर कोतवाली परिसर में पत्रकारों को जानकारी देते हुए एसएसपी डाॅ0योगेन्द्र सिंह रावत ने बताया कि हरियाणा के फरीदाबाद शहर की संजय कालोनी सेक्टर 23 में 28 सितंबर की देर रात किराना कारोबारी मोहित अग्रवाल से असलहे की नोक पर पांच लाख की रकम, सोने की चेन एवं मोबाइल फोन लूट लिया गया था। विरोध करने पर उनके पिता वेद अग्रवाल को द  गोलियां मारी गई थी और एक राहगीर युवक गौरव को भी गोली मार दी गई थी। वारदात को अंजाम देने के आरोपियों की हरिद्वार में छिपे होने की सूचना पर क्राइम ब्रांच फरीदाबाद की नौ सदस्यीय टीम निरीक्षक विमल राय की अगुवाई में यहां पहुंची थी। टीम ने गुरुवार की देर रात पंडित दीनदयाल उपध्याय पार्किंग में डकैती के चार आरोपी धर दबोचे थे जबकि उनके पांचवें साथी की धरपकड़ के इंतजार में हरियाणा पुलिस घात लगाए बैठी थी। इसी दौरान कार में बैठे एक बदमाश ने अचानक पिस्टल निकालकर कांस्टेबल संदीप नरवाल 38 वर्ष को गोली मार दी थी। गोली की आवाज सुनकर हरियाणा पुलिस की टीम ने भी जवाबी कार्रवाई की थी। शूटआउट में हाथ में गोली लगने के बाद भी आरोपी फरार होने में कामयाब रहा था। देर रात ही घायल कांस्टेबल की मौत हो गई थी। पार्किंग में हुए शूटआउट की सूचना मिलने पर हरिद्वार पुलिस एक्टिव हो गई थी। देर रात ही हरिद्वार पुलिस ने हरियाणा पुलिस के साथ मिलकर आरोपी को रोड़ीबेलवाला से दबोच लिया, जिसके हाथ में गोली लगने के कारण प्राथमिक उपचार के लिए एम्स ऋषिकेश के लिए रेफर कर दिया। एसएसपी डॉ. योगेंद्र सिंह रावत ने बताया कि फरार हुए आरोपी अंशु उर्फ मोनू पुत्र शेषनाग, अमित पुत्र वीरेंद, अभिषेक पुत्र रामचंद्र एवं मनीष पुत्र ताराचंद्र निवासीगण गांव मीठा बलिया उत्तर प्रदेश को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपियों के कब्जे से एक कार, 12, 380 रुपये, पांच जिंदा कारतूस और डकैती में लूटा गया सामान बरामद हुआ है। बताया कि फरार चल रहे पांचवें साथी की तलाश हरियाणा पुलिस कर रही है। हरिद्वार पुलिस टीम में एसएसपी डा.योगेंद्र सिंह रावत, एसपी सिटी कमलेश उपाध्याय,सीओ सिटी अभय प्रताप सिंह, सीओ ज्वालापुर रेखा यादव, नगर कोतवाली प्रभारी राकेंद्र कठैत, एसएसआई अरविन्द रतूड़ी, रोड़ी बेलवाला चैकी प्रभारी अंशुल अग्रवाल, एसआई संतोष सेमवाल, ज्वालापुर कोतवाली प्रभारी चन्द्रचन्द्राकर नैथानी, थाना प्रभारी कनखल दीपक कठैत, बहादराबाद थाना प्रभारी संजीव थपलियाल, श्यामपुर थाना प्रभारी अनिल चैहान, एसओजी प्रभारी रंजीत तोमर आदि शामिल रहे।


Comments

Popular posts from this blog

गौ गंगा कृपा कल्याण महोत्सव का आयोजन किया

  हरिद्वार। कुंभ में पहली बार गौ सेवा संस्थान श्री गोधाम महातीर्थ पथमेड़ा राजस्थान की ओर से गौ महिमा को भारतीय जनमानस में स्थापित करने के लिए वेद लक्ष्णा गो गंगा कृपा कल्याण महोत्सव का आयोजन किया गया है।  महोत्सव का शुभारंभ उत्तराखंड गौ सेवा आयोग उपाध्यक्ष राजेंद्र अंथवाल, गो ऋषि दत्त शरणानंद, गोवत्स राधा कृष्ण, महंत रविंद्रानंद सरस्वती, ब्रह्म स्वरूप ब्रह्मचारी ने किया। महोत्सव के संबध में महंत रविंद्रानंद सरस्वती ने बताया कि इस महोत्सव का उद्देश्य गौ महिमा को भारतीय जनमानस में पुनः स्थापित करना है। गौ माता की रचना सृष्टि की रचना के साथ ही हुई थी, गोमूत्र एंटीबायोटिक होता है जो शरीर में प्रवेश करने वाले सभी प्रकार के हानिकारक विषाणुओ को समाप्त करता है, गो पंचगव्य का प्रयोग करने से शरीर की रोगप्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है, शरीर मजबूत होता है रोगों से लड़ने की क्षमता कई गुना बढ़ाता है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में वैश्विक महामारी ने सभी को आतंकित किया है। परंतु जिन लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत है। कोरोना उनका कुछ नहीं बिगाड़ पाता है। उन्होंने गो पंचगव्य की विशेषताएं बताते हुए कहा कि वर्तमा

माता पिता की स्मृति में समाजसेवी राकेश विज ने किया अन्न क्षेत्र का शुभारंभ

हरिद्वार। समाजसेवी और हिमाचल प्रदेश प्रदेश के पालमपुर रोटरी क्लब के अध्यक्ष राकेश विज ने बताया कि महाकुंभ के अवसर पर श्रद्धालुओं की सुविधार्थ संत बाहुल्य क्षेत्र सप्त ऋषि आश्रम में अन्न क्षेत्र का शुभारंभ नगर पालिका के पूर्व अध्यक्ष सतपाल ब्रह्मचारी के कर कमलों के द्वारा किया गया है। यह अन्न क्षेत्र पूरे कुंभ तक अनवरत रूप से चलेगा। उन्होंने बताया कि मानवता सबसे बड़ी पूजा है मानव धर्म ही हमें जोड़ता है। अन्नदान की परंपरा हमारी वैदिक परंपरा है। अन्न क्षेत्र का आयोजन उन्होंने अपनी माता त्रिशला रानी और पिता लाला बनारसी दास की स्मृति में कराया है। उन्होंने बताया कि गुरूद्वारा गुरू सिंह सभा में भी 7 मार्च से रोजाना लंगर का आयोजन किया जा रहा है। 14 मार्च से इच्छाधारी नाग मंदिर बीएचएल हरिद्वार में भी अन्न क्षेत्र शुरू किया जाएगा। इसके अलावा कनखल स्थित सती घाट के समीप निर्माणाधीन गुरु अमरदास गुरुद्वारे और एसएमएसडी इंटर कॉलेज में पंडित अमर नाथ की स्मृति में बनने वाले पुस्तकालय में भी सहयोग प्रदान करेंगे। उन्होंने कहा कि महापुरुषों के रास्ते पर चलकर ही हम देश को समृद्ध कर सकते है। इस अवसर पर सतपाल

आंदोलनकारियों की शहादत का परिणाम है उत्तराखंड राज्य--डॉ० अंजान

  हरिद्वार। 2 अक्टूबर का दिन पूरे देश में अहिंसा और शांति दिवस के रूप में मनाया जाता है। और उत्तराखंड तो स्वयं शांति, समन्वय, समरसता एवं अहिंसा का द्योतक ही रहा है। उत्तराखंड राज्य के इतिहास के बारे में डॉक्टर हरिनारायण जोशी ने बताया कि आज के ही दिन 2 अक्टूबर 1994 में शांति और अहिंसा का अर्थ ही बदल गया। क्रुरता, हिंसा और अमानवीयता की सारी सीमाएं पार हो गईं। शांति के साथ राज्य प्राप्ति की मांग मनवाने के लिए उत्तराखंड के विभिन्न भागों से अपनी राजधानी दिल्ली जाते हुए निहत्थे आंदोलनकारी थे बस यही कसूर था उनका कि उत्तराखंड राज्य की मांग।और यूपी सरकार की ऐसी व्यवस्था थी कि जिसने सुरक्षा देनी थी, महिलाओं को ही नहीं, पुरुषों को भी वही भक्षक के रूप में क्रुरतम हिंसा और अमानवियता की पराकाष्ठाओं को हिंसात्मक रूप देने में सम्मिलित हो गये। उस समय सरकार की मानवीयता छलनी हो गई। रामपुर तिराहे के लहराते खेत और वहां की संपूर्ण प्रकृति असहाय महिला और पुरुषों की कराहों के साथ चित्कार कर उठी होगी। लेकिन तथाकथित रक्षकों पर प्रभाव नहीं पड़ा। उनकी संवेदनाएं और मानवतायें भस्म हो गई और वे दैत्य स्वरूप के संवाहक