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मानव सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है-महामण्डलेश्वर पूजानंद सरस्वती


 हरिद्वार। किन्नर अखाड़ा की महामंडलेश्वर पूजानंद सरस्वती ने हरकी पैड़ी पर पूजा अर्चना कर गरीब निराश्रितों को भोजन प्रसाद वितरण किया। इस अवसर पर महामण्डलेश्वर पूजानंद सरस्वती ने सभी लोगों से मास्क लगाने की अपील करते हुए कहा कि गरीब, असहाय, निराश्रित व्यक्तियों को भोजन उपलब्ध कराना सबसे बड़ा पुण्य का काम है और मानव सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है। सभी को मिलजुल कर गरीब असहाय लोगों की सहायता करनी चाहिए। एकजुट होकर ही निराश्रितओं की सेवा की जा सकती है। संत महापुरुष हमेशा ही अपने सेवा प्रकल्पांे के माध्यम से समाज की सेवा में अपना योगदान प्रदान करते कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि उनकी और से प्रतिमाह हरकी पैड़ी पर लंगर का आयोजन कर गरीब, निसहायों को भोजन प्रसाद वितरित किया जाता है। श्रद्धालु भक्तों के सहयोग से चल रहा गरीबों की मदद का यह सिलसिला अनवरत् जारी रहेगा। उन्होंने समस्त देशवासियों से अपील करते हुए कहा कि भगवान शिव की जटाओं से निकलने वाली पतित पावनी मां गंगा को स्वच्छ बनाएं रखने में अपना सहयोग प्रदान करें। मां गंगा युगो युगो से अविरल व निर्मल बहकर प्राणी मात्र का उद्धार करती चली आ रही है। गंगा को स्वच्छ बनाए रखना सभी देशवासियों का कर्तव्य है। मां गंगा में करोड़ों लोगों की आस्था है। लेकिन आस्था के साथ स्वच्छता और निर्मलता का विशेष ध्यान भी श्रद्धालु भक्तों को रखना होगा। इस अवसर पर देविन्द्र पाल, डा.रवि रस्तोगी, आकाश, सुनील, सागर, शिवानी चैहान, प्रियंका चैहान, काजल, आंकाक्षा आदि मौजूद रहे। 


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