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बाबा साहेब डा.भीमराव आंबेडकर के परिनिर्वाण दिवस पर कांग्रेसियों ने दी श्रद्वांजलि

 संविधान निर्माता के आदर्शो पर चलने का आहवान

हरिद्वार। संविधान निर्माता बाबा साहेब डा.भीमराव आंबेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस पर महानगर कांग्रेस कमेटी ने टिबड़ी स्थित पार्क में डॉ.अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। कांग्रेस प्रदेश महामंत्री डॉ.संजय पालीवाल ने कहा कि हमें बाबा साहेब के आदर्शों को अपनाकर राष्ट्र निर्माण में सहयोग प्रदान करना होगा तभी सच्ची श्रद्धांजलि होगी। उनके बनाए हुए संविधान का अनुपालन करते हुए देश की तरक्की में अपना योगदान दें। महिलाओं, मजदूरों, किसान और श्रमिकों के हितों में बनाया गया यह कानून विदेशों में भी ख्याति प्राप्त करता है। उन्होंने युवाओं से आह्वान करते हुए कहा कि बाबा साहेब के जीवन से सीख लेनी चाहिए। महानगर अध्यक्ष संजय अग्रवाल ने कहा कि आज भाजपा ने 6 वर्ष के अंदर बाबा साहेब के संविधान को तोड़ मरोड़ कर रख दिया है। टूटा-फूटा संविधान बिना किसी से चर्चा किए हुए बदल दिए गए हैं। कांग्रेस पार्टी आज यह वादा करती है कि बाबा साहेब के संविधान को मूलरूप में लाने का कार्य करेगी। सर्व समाज को और देश को संविधान देने वाले बाबा साहेब के जीवन दर्शन से समाज को प्रेरणा मिलती है। कहा कि यह कानून महिलाओं को अधिकार देता है। संविधान की शक्तियों को जानने व समझने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि संविधान का पालन करते हुए हमें आगे बढ़ना होगा। पूर्व पालिकाध्यक्ष प्रदीप चैधरी और राष्ट्रीय प्रवक्ता आलोक शर्मा ने कहा कि बाबा साहेब ने 26 डिग्रियां हासिल की थी। बाबा साहेब को कई भाषाओं का ज्ञान था तथा बाबा साहेब ने महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए एक बिल संसद में पेश किया था जो कि लागू नहीं हो पाया। इस पर बाबा साहेब ने अपना विरोध प्रकट किया और संसद से इस्तीफा भी दिया। ज्वालापुर नगर अध्यक्ष यशवंत सैनी ने कहा कि बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर ने समाज में शिक्षा का प्रचार प्रसार किया। जात-पात के भेदभाव को समाप्त करने में उनके योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता है। संविधान का पालन हमें करना चाहिए। समान रूप से दिया गया यह संविधान आज भी प्रासंगिक है। श्रमिक नेता राजवीर चैहान, मेयर प्रतिनिधि अशोक शर्मा ने कहा कि बाबा साहब डॉ.भीमराव अंबेडकर ने शोषितों की लड़ाई लड़ी और समाज को शिक्षा का अधिकार दिलाने में उनका जीवन हमेशा ही समर्पित रहा। दलितों के उत्थान में उनका योगदान आज भी समाज को प्रेरणा देता है। इस अवसर पर कैलाश प्रधान, मनोज जाटव, दिनेश पुंडीर, नवेज अंसारी, विशाल राठौर, डॉक्टर वसीम सलमानी, रविश भटीजा, आकाश बिरला, वेद रानी, श्याम सिंह, हरद्वारी लाल, अमित राजपूत, हरजीत सिंह, पंकज कुमार, मुकेश कुमार, जुगनू कांत, कल्पना, शांति, माया, रामा आदि कार्यकर्ता शामिल रहे। वही दूसरी ओर बहुजन क्रांति मोर्चा और बहुजन मुक्ति पार्टी, वाल्मीकि महासंघ, राष्ट्रीय मूलनिवासी अत्यंत पिछड़ी अनुसूचित जाति जागृति मोर्चा, राष्ट्रीय मुस्लिम मोर्चा, बुद्धिस्ट इंटरनेशनल नेटवर्क की ओर से संविधान निर्माता भारत रत्न बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर महापरिनिर्वाण दिवस धूमधाम से मनाया गया। घास मंडी ज्वालापुर स्थित वाल्मीकि धर्मशाला में बाबा साहेब के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उनके अधूरे कार्य को पूरा करने का संकल्प लिया गया। बहुजन क्रांति मोर्चा के प्रदेश संयोजक एवं वाल्मीकि महासंघ के संस्थापक अध्यक्ष भवंर सिंह ने बाबा साहेब ने सबको एक समानता और सम्मान के साथ जीने का अधिकार देने का काम किया है। इस दौरान राष्ट्रीय मूलनिवासी अत्यंत पिछड़ी जाति जागृति मोर्चा एवं वाल्मीकि महासंघ के प्रदेश संयोजक राजेंद्र श्रमिक, सुनील राजौर, संजय कुमार मूलनिवासी, मो. नसीर अहमद, संजीव औसवाल बौद्ध, अरविंद कुमार, दीपक कुमार, प्रदीप कुमार, पुरुषोत्तम मूलनिवासी, दीपक, अमित, प्रमोद भोगलीये, फुल सिंह आदि शामिल रहे।


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