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कांवड़ मेले में अव्यवस्थाओं को लेकर शिव भक्तों ने जताई नाराजगी

 हरिद्वार। कांवड़ मेले का आयोजन 14 जुलाई से धर्म नगरी हरिद्वार में शुरू हो गया है ऐसे में लगातार शिवभक्त भारी संख्या में हरिद्वार पहुंच रहे हैं और जैसे-जैसे श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ती जा रही है वैसे ही प्रशासन के दावों की पोल खुल रही है। कांवड़ मेले के शुरू होने से पहले ही शासन व प्रशासन पूरी तरीके से व्यवस्थाओं को पूरा करने में जुटा हुआ था और जिला प्रशासन के द्वारा तमाम तैयारियों को दुरुस्त करने के दावा किया गया था लेकिन उत्तर प्रदेश के बागपत से पहुंचे शिवभक्त कावड़िए जितेंद्र और उनके अन्य साथियों ने हरिद्वार प्रशासन की व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े किए। उन्होंने बताया कि पानी से लेकर शौचालय तक की व्यवस्थाएं दुरुस्त नहीं है, तो वही खाद्य सामग्री को निर्धारित मूल्य से अधिक दामों पर बेचा जा रहा है। जबकि खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने दावा किया था कि कांवड़ मेले के दौरान लगने लगने वाली तमाम अस्थाई दुकानो को रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य होगा और कहा गया था कि सभी दुकानदारों को अपनी दुकान दुकानों के बाहर रेट लिस्ट लगानी अनिवार्य होगी। लेकिन कावड़ियों के बताए ने के मुताबिक दुकानों के बाहर रेट लिस्ट नहीं लगाई गई है। खाद्य सुरक्षा विभाग के द्वारा यह भी दावा किया गया था कि कांवड़ मेले के दौरान अलग से एक टीम का गठन किया जाएगा, जो समय-समय पर दुकानों पर जाकर खाद्य सामग्री की गुणवत्ता की जांच करेगा, लेकिन फिलहाल लगता है कि वह टीम कावड़ मेले में खो गई है कहीं खो गई है।


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ऋषिकेश मेयर सहित तीन नेताओं को पार्टी ने थमाया नोटिस

 हरिद्वार। भाजपा की ओर से ऋषिकेश मेयर,मण्डल अध्यक्ष सहित तीन नेताओं को अनुशासनहीनता के आरोप में नोटिस जारी किया है। एक सप्ताह के अन्दर नोटिस का जबाव मांगा गया है। भारतीय जनता पार्टी ने अनुशासनहीनता के आरोप में ऋषिकेश की मेयर श्रीमती अनिता ममगाईं, ऋषिकेश के मंडल अध्यक्ष दिनेश सती और पौड़ी के पूर्व जिलाध्यक्ष मुकेश रावत को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। भाजपा के प्रदेश मीडिया प्रभारी मनबीर सिंह चैहान के अनुसार पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक के निर्देश पर प्रदेश महामंत्री कुलदीप कुमार ने नोटिस जारी किए हैं। नोटिस में सभी को एक सप्ताह के भीतर अपना स्पष्टीकरण लिखित रूप से प्रदेश अध्यक्ष अथवा महामंत्री को देने को कहा गया है।

धूमधाम से गंगा जी मे प्रवाहित होगा पवित्र जोत,होगा दुग्धाभिषेक -डॉ0नागपाल

 112वॉ मुलतान जोत महोत्सव 7अगस्त को,लाखों श्रद्वालु बनेंगे साक्षी हरिद्वार। समाज मे आपसी भाईचारे और शांति को बढ़ावा देने के संकल्प के साथ शुरू हुई जोत महोसत्व का सफर पराधीन भारत से शुरू होकर स्वाधीन भारत मे भी जारी है। पाकिस्तान के मुल्तान प्रान्त से 1911 में भक्त रूपचंद जी द्वारा पैदल आकर गंगा में जोत प्रवाहित करने का सिलसिला शुरू हुआ जो आज भी अनवरत 112वे वर्ष में भी जारी है। इस सांस्कृतिक और सामाजिक परम्परा को जारी रखने का कार्य अखिल भारतीय मुल्तान युवा संगठन बखूबी आगे बढ़ा रहे है। संगठन अध्यक्ष डॉ महेन्द्र नागपाल व अन्य पदाधिकारियो ने रविवार को प्रेस क्लब में पत्रकारों से  मुल्तान जोत महोत्सव के संबंध मे वार्ता की। वार्ता के दौरान डॉ नागपाल ने बताया कि 7 अगस्त को धूमधाम से  मुलतान जोट महोत्सव सम्पन्न होगा जिसके हजारों श्रद्धालु गवाह बनेंगे। उन्होंने बताया कि आजादी के 75वी वर्षगांठ पर जोट महोत्सव को तिरंगा यात्रा के साथ जोड़ने का प्रयास होगा। श्रद्धालुओं द्वारा जगह जगह सुन्दर कांड का पाठ, हवन व प्रसाद वितरण होगा। गंगा जी का दुग्धाभिषेक, पूजन के साथ विशेष ज्योति गंगा जी को अर्पित करेगे।

बी0ई0जी0 आर्मी तैराक दलों ने 127 कांवडियों,श्रद्धालुओं को गंगा में डूबने से बचाया

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